आगराउत्तर प्रदेश

यूपी-एमपी के बेरोजगार युवाओं की बिक्री! विदेशों में 3500 डॉलर में बेच देते तस्कर, आगरा पुलिस का बड़ा खुलासा

यूपी पुलिस ने ह्यूमन ट्रैफेकिंग का एक ऐसा गिरोह पकड़ा है, जो बेरोजगार युवाओं को विदेशों में नौकरी का झांसा देकर उनका सौदा कर देता। थाईलैंड,  कंबोडिया और अन्य देशों में इन बेरोजगारों को प्रति व्यक्ति 3500 डॉलर की दर पर बेचा जाता। आगरा पुलिस ने इस गिरोह के दो आरोपी पकड़े हैं-एक उन्नाव से और दूसरा मध्यप्रदेश के इंदौर से। उन्नाव से आतिफ खान और इंदौर से गिरफ्तार अजय कुमार शुक्ला ने पूछताछ में सौदेबाजी की बात स्वीकार की है।

आगरा के एडिशनल एसपी आदित्य सिंह के मुताबिक, इस गैंग के दो मेंबर पकड़े हैं। दोनों ने पूछताछ में युवाओं को विदेशों में बेचने की बात कबूल की है। एडिशनल एसपी के मुताबिक, नौकरी की खोज में बेरोजगार युवक, आसानी से झांसे में आ जाते हैं। आरोपियों का नेटवर्क विदेशों में है और वे वहां के एजेंटों के जरिये वीजा प्रक्रिया पूरी कराकर उन्हें भेज देते हैं। इसके बदले में हर व्यक्ति की उन्हें 3500 डॉलर की कीमत मिलती।

आगरा की साइबर सेल और साइबर क्राइम टीम इस गिरोह पर नजर बनाए हुए थे। लगातार जांच पड़ताल के बाद दो आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ गए। पूछताछ में उन्होंने बताया कि वो जिन युवाओं को विदेश भेजते थे-उन्हें वहां हाउस अरेस्ट रखा जाता। ट्रेनिंग देने के बाद साइबर ठगी के धंधे में लगाया जाता था।

कौन कराता है ठगी

पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि विदेशों में एजेंट ही इन युवाओं का सौदा करते हैं, जो इन्हें खरीदता है, वो ठगी की ट्रेनिंग देता। अंतरराष्ट्रीय ठगी गैंग इनके सारे पासपोर्ट और दस्तावेज जब्त कर लेता और उसके बाद इन्हें ठगी या दूसरे धंधों में झोंक देता।

Mukund Lekhni

मुकुंद लेखनी एक स्वतंत्र हिंदी समाचार पत्र एवं न्यूज पोर्टल है, जो देश-दुनिया, उत्तर प्रदेश और स्थानीय स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को तथ्य, निष्पक्षता और जनसरोकार के साथ पाठकों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

संबंधित समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button